सुप्रीम कोर्ट के जस्टिस संजीव खन्ना की बेंच में संजय सिंह की जमानत याचिका पर सुनवाई हुई। वकील ने कहा संजय सिंह को छह महीने से हिरासत में रखा गया है जबकि उनके खिलाफ पर्याप्त सबूत नहीं हैं। इस पर जज जस्टिस संजीव खन्ना ने ईडी से पूछा कि क्या उसे संजय सिंह को जमानत दिए जाने पर आपत्ति है? इस पर ईडी ने अपना जवाब नहीं में दिया। ईडी के वकील ने कहा कि अदालत अगर संजय सिंह को जमानत दे देती है तो एजेंसी को कोई आपत्ति नहीं है। ईडी ने कहा कि संजय सिंह से पूछताछ करके सबूत जुटाने का उसका मकसद पूरा हो गया है, इसलिए उन्हें अब जेल से रिहा किया जा सकता है।
ईडी की अनापत्ति पर जस्टिस संजीव खन्ना ने संजय सिंह को जमानत पर छोड़ने का आदेश दे दिया। उन्होंने अपने आदेश में कहा कि जमानत की शर्तें लोअर कोर्ट तय करेंगी। अब आदेश की प्रति लोअर कोर्ट पहुंचेगी और जज जमानत की शर्तें तय करेंगे। यह प्रक्रिया पूरी होने के बाद संभवतः बुधवार तक संजय सिंह की जेल से रिहाई हो जाएगी। हालांकि, संजय सिंह के खिलाफ मुकदमा चलता रहेगा।
संजय सिंह के लिए और भी अच्छी खबर यह है कि सुप्रीम कोर्ट ने उन्हें राजनीतिक गतिविधियों में शामिल होने की भी अनुमति दे दी है। जस्टिस खन्ना ने अपने आदेश में कहा, ‘जब तक मुकदमे का निपटारा नहीं हो जाता तब तक संजय सिंह बाहर रहकर राजनीतिक गतिविधियों को अंजाम दे सकते हैं।’ संजय सिंह को सुप्रीम से खुली छूट मिल गई क्योंकि अब उन्हें मनी लॉन्ड्रिंग के इस मामले में ट्रायल पूरी होने तक कभी गिरफ्तार नहीं किया जा सकता है। इसका मतलब है कि अब मुकदमे की सुनवाई पूरी होने के बाद अदालत ने अगर संजय सिंह को दोषी ठहराया, तभी उनकी गिरफ्तारी होगी वरना नहीं।