पूर्वी चंपारण जिले के मधुबन प्रखंड में शनिवार शाम को भारी बारिश के कारण चार साल पहले बनी एक पुलिया ढह गई। यह घटना लोहारगांवा गांव में हुई, जहाँ 2019 में लगभग 2 लाख रुपये की लागत से इस आरसीसी पुलिया का निर्माण किया गया था। इस घटना के कारण लोहारगांवा ग्राम के सहनी टोला और अनुसूचित जाति टोला का सड़क संपर्क टूट गया है, जिससे लगभग 400 लोग प्रभावित हुए हैं।यह घटना पूर्वी चंपारण जिले में पिछले एक महीने में पुल ढहने की दूसरी घटना है। इससे पहले 22 जून को घोड़ासहन के अमवा में 1.69 करोड़ रुपये की लागत से बन रहा एक पुल भी ढलाई के बाद ही ढह गया था। बिहार में पिछले 20 दिनों में कुल 13 पुल ढह चुके हैं, जिनमें से ज़्यादातर सारण और सीवान जिलों में हैं।
लोहारगांवा में पुलिया ढहने से ग्रामीणों को काफी परेशानी का सामना करना पड़ रहा है। सड़क संपर्क टूट जाने से लोग पगडंडियों से होकर आवाजाही करने को मजबूर हैं। गांव में बाइक भी नहीं पहुंच पा रही है। ग्रामीणों का कहना है कि पुलिया के निर्माण के पाँच साल भी पूरे नहीं हुए थे और यह इतनी जल्दी ढह गई।